Covaxin News: वेरिएंट्स के खिलाफ Covaxin साबित हुई कारगर, दूसरी बार मिली अंतरराष्ट्रीय मान्यता

Must Read

Ankit Kumar
Ankit Kumarhttp://goodswasthya.com
Ankit Kumar is a Health Blogger and Bachelor of Arts Graduate having experience working for various Multi-National Organizations as an Information Technology Specialist, Content Writer, and Content Manager. He loves blogging and right now he is enjoying his journey of exploring health and fitness-related news and stuff. He is actively involved in Yoga and other modes of fitness and has various certificates for the same.

Covaxin News: वेरिएंट्स के खिलाफ Covaxin साबित हुई कारगर, दूसरी बार मिली अंतरराष्ट्रीय मान्यता

भारत के तमाम नागरिक कोरोना वैक्सीन को लेकर परेशान है। कहीं वैक्सीन उपलब्ध नहीं है, तो वहीं दूसरी ओर कुछ वैक्सीन असर नहीं कर रहे हैं। ऐसी हालात में भारत बायोटेक भारत के लिए एक खुशखबरी लाया है। भारत बायोटेक कंपनी द्वारा बताया गया ब्रिटेन और भारत में मिल रहे कोविड-19 स्ट्रेन के खिलाफ कोवैक्सीन असरदार पाया गया है। भारत बायोटेक की ज्वाइंट मैनेजिंग डायरेक्टर और को फाउंडर सुचित्रा ईला ने ट्वीट करते हुए इस बात की जानकारी दी।

ज्वाइंट मैनेजिंग डायरेक्टर सुचित्रा इला ने ट्विटर के माध्यम से कहा कि इस कोवैक्सीन को दूसरी बार अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्रदान की गई है, जब नए-नए वेरिएंट्स के खिलाफ यह वैक्सीन सुरक्षा दे सकती हैं, इस बात की जानकारी वैज्ञानिकों के रिसर्च डाटा द्वारा मिली। उन्होंने अपने ट्वीट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, पीएमओ इंडिया और स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन के साथ अन्य कई लोगों को भी टैग किया। भारत बायोटेक ने मेडिकल जर्नल में प्रकाशित रिसर्च का हवाला देते हुए कोवैक्सीन टीकाकरण के बारे में कहा कि यह वैक्सीन ब्रिटेन और भारत के सामने आए नए वेरिएंट्स बी.1.617 और बी.1.1.7 समेत अन्य कई स्वरूपों से लड़ने में सक्षम है।

class="wp-block-image size-full">Covaxin News
image source:- http://www.canva.com

इंटरनेशनल मैन्युफैक्चरिंग पार्टनर्स की तलाश में है कंपनी

रविवार को कंपनी ने कहा भारत बायोटेक जो भारत के वैक्सीन का निर्माण कर रहा है, वह इंटरनेशनल मैन्युफैक्चरिंग पार्टनर्स की तलाश में लगा हुआ है क्योंकि यह कंपनी कोविड-19 वैक्सीन की एक अरब खुराक प्रतिवर्ष का उद्देश्य रखता है। भारत में आपातकालीन स्थिति में कोवैक्सीन के उपयोग के लिए मंजूरी दे दी गई है। इसके अलावा यह भारत में बहुत बड़े पैमाने पर टीकाकरण अभियान में शामिल 2 वैक्सीन में से एक हैं।भारत बायोटेक वैक्सीन के निर्माण के लिए लगातार संघर्ष कर रही है।

Corona Curfew in Kerala: केरल के मुख्यमंत्री का आदेश, केरल में सोमवार की रात से लगेगा कर्फ्यू

भारत सरकार के लिए आपूर्ति प्रतिबद्धताओं में कमी, जो कि सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया और रूस के स्पुतनिक वी टीके द्वारा निर्मित एस्ट्राजेनेका वैक्सीन के एक संस्करण पर भी निर्भर है। पश्चिमी भारत के अंकलेश्वर में कंपनी ने रविवार को, एक सुविधा से कोवैक्सीन शॉर्ट्स के पहले बैच की शुरुआत की, जिसके द्वारा 10 मिलियन से अधिक खुराक का उत्पादन हर महीने किया जा सकता है। भारत बायोटेक कोवैक्सीन की मांगों को पूरा करने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भागीदारों की अवसर की खोज कर रहे हैं।

प्रबंध निदेशक और अध्यक्ष कृष्णा एला ने अपने बयान में बताया की भारत बायोटेक पूरी तरह से कोवैक्सीन की मांगों को पूरा करने में सफल रहे, यही सुनिश्चित करना हमारा लक्ष्य है जिससे कि देश और दुनिया भर के लोगों तक वैक्सीन उपलब्ध कराए जा सके। स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडपिया ने पिछले महीने संसद को बताया कि भारत बायोटेक द्वारा 2.5 करोड़ की आपूर्ति जुलाई महीने में और 3.5 करोड़ खुराक की आपूर्ति अगस्त महीने में करेगा, यह उम्मीद सरकार के शुरुआती उम्मीद के आधे से भी कम था।

Covaxin News

स्पूतनिक भी जल्दी बनेगी कोरोना वैक्सीन का हिस्सा

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च और नेशनल इंस्टीट्यूट आफ वायरोलॉजी, दोनों ने मिलकर को वैक्सिंग के संबंध में रिसर्च किया था। पूरे देश भर में कोविशील्ड और कोवैक्सीन नामक दो वैक्सीन लगाए जा रहे हैं। वहीं रूस की स्पूतनिक भी को भी तीसरे वैक्सीन के रूप में, जल्द ही बाजारों में उपलब्ध कराने की बात कहीं जा रही है। हालांकि अब कोरोनावायरस के मरीजों की संख्या के आंकड़े कम दिखाई दे रहे हैं, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा रविवार को बताया गया कि अब देश भर में मरीजों की संख्या लगभग 3618458 हैं। इसके साथ ही 16.8 परसेंट संक्रमण दर दर्ज हुई है।

कोविड-19 के सकारात्मक मरीजों की संख्या का दर 14.66 परसेंट तक दर्ज की गई है। वही 10 राज्यों में 74.69 परसेंट मरीजों का इलाज चल रहा है, यह जानकारी स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा दी गई। कोरोना के अधिक मामले महाराष्ट्र, कर्नाटक, राजस्थान, केरल, आंध्रप्रदेश, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, गुजरात, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में मिले हैं। 3 मई को 24.47 परसेंट संक्रमण दर घटकर 16 मई को 16.98 परसेंट तक पहुंच गई। पिछले 24 घंटे में भारत में 362436 मरीज कोरोना से ठीक हो चुके। अब तक देशभर में स्वस्थ होने वाले लोगों की संख्या 20795335 है।

लेटेस्ट लेख

Low Ejection Fraction: लो इजेक्शन फ्रैक्शन क्या है? जानिए लो इजेक्शन फ्रैक्शन के लक्षण एवं बचाव

Low Ejection Fraction: लो इजेक्शन फ्रैक्शन क्या है? जानिए लो इजेक्शन फ्रैक्शन के लक्षण एवं बचाव

More Articles Like This