Education in India After Covid-19: कक्षा 10वीं और 12वीं की स्कूल दोबारा खोले जाने से पहले दिल्ली सरकार ने जारी किया SOP, जानें खबरें

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Sumit Singh
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Education in India After Covid-19: कक्षा 10वीं और 12वीं की स्कूल दोबारा खोले जाने से पहले दिल्ली सरकार ने जारी किया SOP, जानें खबरें

देश में कोरोनावायरस जैसी महामारी के कारण करीब एक साल से सभी स्कूल और शिक्षा संस्थान बंद है। अब हाल ही में दिल्ली के शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया और डिप्टी सीएम ने अभिभावकों से राय मांग कर दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण यानी डीडीएमए के साथ 2 दिन पहले स्कूल के खोलने की बात को लेकर एक बैठक की। इस बैठक के बाद डीडीएमए द्वारा एक एसओपी जारी किया गया जिसमें स्कूलों को खोलने की अनुमति दी गई। हालांकि स्कूल खुलने के साथ कोविड-19 सभी नियमों का पालन करना जरूरी होगा। इस आदेश द्वारा स्कूलों को सैनिटाइज, थर्मल स्कैनिंग और एक इमरजेंसी क्वॉरेंटाइन वार्ड बनाने के भी निर्देश दिए गए हैं।

भारत की राजधानी दिल्ली में दसवीं और बारहवीं कक्षा के छात्रों के लिए स्कूल खोल दिए जाएंगे लेकिन स्कूल खोलने से पहले कुछ दिशा निर्देश दिए गए हैं। उन दिशानिर्देशों अंतर्गत स्कूल की सफाई, माता-पिता से छात्रों के लिए लिखित सहमति, थर्मल स्कैनिंग का संचालन, छात्रों द्वारा किसी भी तरह की किताब या स्टेशनरी शेयर नहीं करना जैसी बातें शामिल है। छात्रों के लिए स्कूल खोलने पर दिल्ली सरकार द्वारा यह नियम सोमवार से लागू किया जाएगा।

Education in India After Covid-19

8 अगस्त 2021 को दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण यानी डीडीएमए में कक्षा 10वीं और 12वीं के छात्रों को सोमवार से व्यवहारिक गतिविधि और बोर्ड परीक्षा से जुड़े कामों के लिए स्कूल जाने की अनुमति का आदेश दिया था। साथ ही डीडीएमए यह आदेश भी जारी किया कि स्वास्थ्य जांच शिविर फिर से स्कूल के परिसरों में शुरू किया जा सकता है।

डीओई यानी शिक्षा निदेशालय द्वारा जारी किए गए s.o.p. में कहा गया कि जो बच्चे स्कूल आकर पढ़ने के लिए इच्छुक हैं उन्हें अपने माता-पिता द्वारा लिखित सहमति स्कूल में जमा करवानी पड़ेगी साथ ही किसी भी बच्चे को अपने अभिभावक या माता-पिता के साथ स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े मामलों के लिए स्कूल में जानकारी देनी होगी। वहीं यदि कोई बच्चा ऑनलाइन माध्यम से अपनी पढ़ाई जारी रखना चाहते हैं तो डिजिटल दूरस्थ शिक्षा या ऑनलाइन कक्षा की सुविधा जारी ही रहेगी और उन्हें ऑनलाइन तरीके से पढ़ाने की भी अनुमति दी गई है।

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आदेश में कहा गया कि जो स्कूल ऑफलाइन तरीके से पढ़ाना शुरू करेगा उन्हें कोविड-19 को ध्यान में रखते हुए पक्षा या प्रयोगशालाओं में छात्रों की क्षमता के मुताबिक एक कार्यक्रम तैयार कर स्कूल संचालित करना है। यह आदेश मुख्य रूप से जारी किया गया है कि स्कूल में आने वाले हर बच्चे और शिक्षक – शिक्षिकाओं को फेस मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग जैसे कोविड-19 की सावधानियों का पालन करना जरूरी है और छात्रों द्वारा स्टेशनरी आइटम या किताबें जैसी चीजें एक दूसरे के साथ साझा ना करने का भी निर्देश देना जरूरी होगा।

Education in India After Covid-19
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आदेश जारी करते हुए विभाग ने कहा कि स्कूल आने वाले हर बच्चे, शिक्षक या कर्मचारी की थर्मल स्कैनिंग होगी और अगर किसी को भी फ्लू, बुखार, सर्दी, खासी जैसे कोई भी लक्षण पाए गए तो उन्हें स्कूल के अंदर आने की अनुमति नहीं होगी। इसके साथ ही विभाग ने यह भी आदेश दिया कि स्कूल को पहले पूरी तरह से सैनिटाइज किया जाएगा तथा वॉशरूम जैसे जगहों को बार-बार साफ करना भी जरूरी होगा। विधायक ने स्कूल की प्रमुख को यह निर्देश दिया है कि वह अपने शिक्षक और कर्मचारी के टीकाकरण को भी सुनिश्चित जरूर करें।

हालांकि आपको बता दें कि कोरोनावायरस जैसी महामारी को फैलने से रोकने के लिए देशभर में तालाबंदी हुई थी जिसके बाद दिल्ली में मार्च 2020 को सारे स्कूल बंद किए गए थे लेकिन 7 जनवरी 2021 में स्कूलों को नौवीं से 12वीं रक्षा के लिए खोला गया था जिसे कोविड-19 दूसरी लहर की आशंका को देखते हुए अप्रैल में दोबारा बंद किया गया था। पिछले महीने सरकार ने यह निर्देश देते हुए कहा था कि स्कूल की असेंबली हॉल और सभा हॉल ऐसे जगहों को 50 प्रतिशत बच्चों के साथ पढ़ाई के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।

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